एक शादी हिंदू-मुस्लिम सौहार्द्र की मिसाल बन गई


 कानपूर में देखने को मिली गंगा जमुनी  तहज़ीब कानपुर के नारामऊ में  एक शादी हिंदू-मुस्लिम सौहार्द्र की मिसाल बन गई/ मुस्लिम महिलाओं ने हिंदू बेटी को दुल्हन के रूप में तैयार कराया, तो वहीं मुस्लिम भाई बारातियों का स्वागत करते रहे। शादी में स्थानीय लोगों के साथ-साथ जनप्रतिनिधि भी शामिल हुए। (65) वर्षीय सोबरन सिंह रावत ने  बताया कि उनकी बेटी किरन उर्फ पूजा की शादी गुरुवार को छिबरामऊ कुम्हौली निवासी दिलीप से है, लेकिन आर्थिक अभाव के कारण बारात की खातिरदारी की समुचित व्यवस्था नहीं हो पाई है। इसके बाद सभी ने मिलकर बिटिया की शादी में मदद का फैसला लिया और हिंदू-मुस्लिम सभी बारात के स्वागत के इंतजाम में जुट गए।गुरुवार सुबह से ही नगर निगम के कर्मचारी इलाके की साफ-सफाई में जुट गए। हिंदू-मुस्लिम दोनों समुदायों के लोग बारात के स्वागत के इंतजाम में जुटे रहे।  रात करीब 10 बजे बारात पहुंचते ही दोनों समुदायों के लोगों ने द्वारचार में सभी बारातियों का फूल-मालाओं के साथ स्वागत किया।स्थानीय लोगों के साथ-साथ जनप्रतिनिधियों ने भी इस शादी समारोह में शामिल होकर वर-वधू को आशीर्वाद दिया और वधू के पिता की सहायता के लिए हाथ बढ़ाए। इस दौरान गांव के मोहम्मद हाजी इकबाल, अब्दुल हसन, मोहम्मद मजीद हबीब अली, मोहम्मद हसन, कय्यूम खान, मोहम्मद अब्दुल मजीद, इसराउल हसन, शंभू नाथ, श्याम सिंह, सुशील शुक्ला रामबाबू मैनेजर मौजूद रहे। राज्यमंत्री नीलिमा कटियार, बीजेपी विधायक अभिजीत सिंह सांगा, समाजवादी पार्टी के पूर्व विधायक सतीश निगम ने शादी में पहुंचकर वर-वधू को आशीर्वाद दिया।  साथ ही आर्थिक सहायता भी की। शादी में एक ओर जहां मुस्लिम महिलाएं मंगलगीत गा रहीं थीं, तो वहीं मुस्लिम महिलाएं ढोलक बजा रहीं थीं। इस मौके पर हसीना, हिना, सोबिया, राजिया, सहाना, रुकसाना प्रमुख रूप से मौजूद रहीं। बारातियों के नाश्ते की जिम्मेदारी सुशील शुक्ला ने ली, तो वकील सत्येंद्र त्रिवेदी 11 हजार, थानाप्रभारी विनोद कुमार सिंह ने 15 हजार, गणेश तिवारी ने 11 हजार, शिवकुमार प्रजापति ने 5 हजार, रमादेवी पटेल सभासद ने टीवी, अब्दुल महीद ने सीलिंग फैन, विजय राजपूत ने 1100 रुपये की आर्थिक सहायता दी।


असद खान कानपूर जिला स्वाददाता की रिपोर्ट